Saturday, 1 December 2018

अस्तमे दिनेश्वरे जिमि शकुना

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अस्तमे दिनेश्वरे जिमि शकुना। तिमि पंथिक ठिउ माणिक शकुना।
जिमि फुरियेऊ दीपक-दीप्तियऊ।
जिमि संध्या-राजे रंजियऊ। तिमि वेशा-रागे रंजियऊ।
जिमि भुवनल्लउ संतापियऊ। तिमि चक्रुल्लौ संतापियऊ।
जिमि दिशि-दिशि तिमिरहिं मिलियाइँ। तिमि विरहिनि-बदनइँ मुकुलिताइँ।
जिमि घरह कपाटउ दिन्नाइँ। तिमि बल्लभ सम्पति दिन्नाइँ।
जिमि चंदेहिं निज-कर-प्रसर कियेउ। तिमि पिय केशहि कर-प्रसार कियेउ।

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